क्या आदित्य सचदेवा को इंसाफ मिलेगा ???
बिहार में जे डी यू एमएलसी मनोरमा देवी के पुत्र रॉकी द्वारा गाड़ी ओवरटेक करने पर आदित्य सचदेवा की बेरहमी से हत्या क्र दी, पर क्या आदित्य सचदेवा और उनके परिवार को न्याय मिलेगा इसकी उम्मीद कम है क्यों ?
१. पुलिस रॉकी के पिता बिंदु यादव को गिरफ्तार करती है पर पुलिस रिमांड नहीं मांगती है.
२. पुलिस रॉकी को गिरफ्तार करती है पर पुलिस रिमांड नहीं मांगती है. न्यूज़ चैनल्स के लापरवाही दिखाने पर २ दिन की रिमांड ली जाती है.
३. रॉकी से बरामद पिस्टल को पुलिस अधिकारी हाथ से उठते है, एक सामान्य आदमी भी जानता है कि हथियारों को फॉरेंसिक जांच से पहले नंगे हाथो से नहीं छुआ जाता। क्या बिहार पुलिस साबुत मिटने की कोशिश कर रही है ?
४. आदित्य के पोस्ट-मॉर्टम के बाद उसके रक्तरंजित कपड़े मॉर्चुरी के बाहर छोड़ देती है, फॉरेंसिक विशेषज्ञ होने के नाते जानता हूँ कि हत्या के प्रकरण में कपड़े सील बंद कर जप्त किया जाना आवश्यक है फिर न्यूज़ चैनल्स पर खबर आने के बाद पुलिस ने कपड़े जप्त किये
५. जे डी यू एमएलसी मनोरमा देवी के घर पर छापा मारते समय अवैध शराब मिलती है और यह भी स्पष्ट था कि मनोरमा देवी के द्वारा ही रॉकी को भगाया गया तब भी उन्हें फरार होने का मौका दिया
यह सब तथ्य ध्यान से दरखे जाए तो स्पष्ट हो जाता है कि गया पुलिस मनोरमदेवी और उनके हत्यारे पुत्र रॉकी को बचाने के लिए बिहार सरकार के दबाव में है और अब तो हम सब को ही आदित्य और उसके परिवार को इंसाफ दिलाने के लिए लड़ाई लड़ने की जरूरत है
बिहार में जे डी यू एमएलसी मनोरमा देवी के पुत्र रॉकी द्वारा गाड़ी ओवरटेक करने पर आदित्य सचदेवा की बेरहमी से हत्या क्र दी, पर क्या आदित्य सचदेवा और उनके परिवार को न्याय मिलेगा इसकी उम्मीद कम है क्यों ?
१. पुलिस रॉकी के पिता बिंदु यादव को गिरफ्तार करती है पर पुलिस रिमांड नहीं मांगती है.
२. पुलिस रॉकी को गिरफ्तार करती है पर पुलिस रिमांड नहीं मांगती है. न्यूज़ चैनल्स के लापरवाही दिखाने पर २ दिन की रिमांड ली जाती है.
३. रॉकी से बरामद पिस्टल को पुलिस अधिकारी हाथ से उठते है, एक सामान्य आदमी भी जानता है कि हथियारों को फॉरेंसिक जांच से पहले नंगे हाथो से नहीं छुआ जाता। क्या बिहार पुलिस साबुत मिटने की कोशिश कर रही है ?
४. आदित्य के पोस्ट-मॉर्टम के बाद उसके रक्तरंजित कपड़े मॉर्चुरी के बाहर छोड़ देती है, फॉरेंसिक विशेषज्ञ होने के नाते जानता हूँ कि हत्या के प्रकरण में कपड़े सील बंद कर जप्त किया जाना आवश्यक है फिर न्यूज़ चैनल्स पर खबर आने के बाद पुलिस ने कपड़े जप्त किये
५. जे डी यू एमएलसी मनोरमा देवी के घर पर छापा मारते समय अवैध शराब मिलती है और यह भी स्पष्ट था कि मनोरमा देवी के द्वारा ही रॉकी को भगाया गया तब भी उन्हें फरार होने का मौका दिया
यह सब तथ्य ध्यान से दरखे जाए तो स्पष्ट हो जाता है कि गया पुलिस मनोरमदेवी और उनके हत्यारे पुत्र रॉकी को बचाने के लिए बिहार सरकार के दबाव में है और अब तो हम सब को ही आदित्य और उसके परिवार को इंसाफ दिलाने के लिए लड़ाई लड़ने की जरूरत है
No comments:
Post a Comment